क्या आप भूतों पर यकीन करते हैं? या फिर आप उन लोगों में से हैं जो हर डर के पीछे विज्ञान ढूंढते हैं? अगर आप आज रात कुछ ऐसा देखने के मूड में हैं जो आपके दिमाग के तार हिला दे और रोंगटे खड़े कर दे, तो अपना मोबाइल तैयार कर लीजिए। सोनाक्षी सिन्हा एक बार फिर लौट आई हैं, लेकिन इस बार पुलिस की वर्दी में नहीं, बल्कि एक ऐसे अवतार में जो आपको डराएगा भी और सोचने पर मजबूर भी कर देगा।
लंबे इंतजार के बाद, सोनाक्षी सिन्हा की बहुचर्चित सस्पेंस-हॉरर फिल्म ‘निकिता रॉय एंड द बुक ऑफ डार्कनेस’ (Nikita Roy and The Book of Darkness) आखिरकार आपके घर, यानी OTT पर दस्तक दे चुकी है। सिनेमाघरों में अपनी मिस्ट्री से दर्शकों को चौंकाने के बाद, यह फिल्म अब डिजिटल दुनिया में तहलका मचाने के लिए तैयार है।
कहां और कैसे देखें ये ‘डार्क’ मिस्ट्री?
अगर आप सोच रहे हैं कि इस वीकेंड क्या देखा जाए, तो जवाब मिल गया है। यह फिल्म अब JioHotstar पर स्ट्रीमिंग के लिए उपलब्ध है। जी हां, आपको सिनेमाघर जाने की जरूरत नहीं है। बस रजाई में दुबक जाइए और इस खौफनाक सफर का हिस्सा बन जाइए।
कहानी जो हिला देगी आपका भरोसा
फिल्म की कहानी एक आम हॉरर फिल्म जैसी नहीं है। इसमें ‘चीखने-चिल्लाने’ से ज्यादा ‘दिमाग के खेल’ पर जोर दिया गया है:
- किरदार: सोनाक्षी सिन्हा ‘निकिता रॉय’ के किरदार में हैं, जो एक राशनलिस्ट (तर्कवादी) हैं। वह भूतों और अंधविश्वास को नहीं मानतीं।
- ट्विस्ट: कहानी तब बदलती है जब उनके भाई (अर्जुन रामपाल) की एक रहस्यमयी मौत हो जाती है। भाई की मौत का सच जानने निकली निकिता का सामना कुछ ऐसी ताकतों से होता है, जिनका जवाब विज्ञान के पास भी नहीं है।
- विलन या भ्रम?: दिग्गज अभिनेता परेश रावल एक ‘गॉडमैन’ (बाबा) के रोल में हैं। उनकी अदाकारी इतनी सटीक है कि आप अंत तक तय नहीं कर पाएंगे कि वो विलेन हैं या कोई और शक्ति उनके पीछे है।
भाई-बहन की जोड़ी का कमाल
यह फिल्म सिन्हा परिवार के लिए बेहद खास है। इसे सोनाक्षी के सगे भाई कुश एस. सिन्हा (Kussh S. Sinha) ने डायरेक्ट किया है। यह बतौर डायरेक्टर उनकी पहली फिल्म है। भाई के डायरेक्शन में सोनाक्षी ने अपनी करियर की सबसे संजीदा और डार्क परफॉर्मेंस दी है। क्रिटिक्स का कहना है कि सोनाक्षी की “खामोश एक्टिंग” फिल्म की सबसे बड़ी ताकत है। उन्हें स्क्रीन पर डरता देख, आप खुद ब खुद डर महसूस करने लगेंगे।
आपको यह फिल्म क्यों देखनी चाहिए?
- सस्पेंस का बाप: यह फिल्म सिर्फ डराती नहीं है, बल्कि आपको जासूस बना देती है। आप हर सीन में कातिल को ढूंढने की कोशिश करेंगे।
- तगड़ी स्टारकास्ट: सोनाक्षी के अलावा अर्जुन रामपाल और सुहैल नय्यर की एक्टिंग दमदार है। परेश रावल का ‘डार्क’ अंदाज आपको हैरान कर देगा।
- फ्रेश कंटेंट: यह घिसी-पिटी भूतिया कहानी नहीं है। यह लॉजिक और मैजिक (जादू) के बीच की लड़ाई है।
तो फिर देर किस बात की? अगर आप कमजोर दिल वाले नहीं हैं, तो JioHotstar पर लॉग-इन करें और देखें कि क्या निकिता अपने भाई की मौत का राज खोल पाती है, या अंधेरा उसे भी निगल लेता है।






